1. हिन्दी समाचार
  2. उत्तर प्रदेश
  3. Noida News: 13 बिल्डरों को मिला NGT जीरो पीरियड का लाभ, अब तक 2726 बायर्स की हो चुकी है रजिस्ट्री

Noida News: 13 बिल्डरों को मिला NGT जीरो पीरियड का लाभ, अब तक 2726 बायर्स की हो चुकी है रजिस्ट्री

राष्ट्रीय हरित अधिकरण (NGT) के आदेश के चलते प्रभावित हुई परियोजनाओं को नोएडा प्राधिकरण ने बड़ी राहत दी है। 13 बिल्डरों को जीरो पीरियड का लाभ दिया गया है, जिससे उन्हें करोड़ों रुपये की बकाया राशि में छूट मिली है।

By: Abhinav Tiwari  RNI News Network
Updated:
Noida News: 13 बिल्डरों को मिला NGT जीरो पीरियड का लाभ, अब तक 2726 बायर्स की हो चुकी है रजिस्ट्री

राष्ट्रीय हरित अधिकरण (NGT) के आदेश के चलते प्रभावित हुई परियोजनाओं को नोएडा प्राधिकरण ने बड़ी राहत दी है। 13 बिल्डरों को जीरो पीरियड का लाभ दिया गया है, जिससे उन्हें करोड़ों रुपये की बकाया राशि में छूट मिली है। यह फैसला अमिताभ कांत समिति की सिफारिशों के आधार पर किया गया, जिसे बोर्ड द्वारा मंजूरी दी गई है।

NGT आदेश से रुका था निर्माण कार्य

साल 2013 में NGT ने सेक्टर-95 स्थित ओखला पक्षी विहार के 10 किलोमीटर दायरे में निर्माण कार्यों पर रोक लगाई थी। इसका असर कई बिल्डर परियोजनाओं पर पड़ा। इसके मद्देनजर प्राधिकरण ने पहले 77 दिन का जीरो पीरियड दिया था, लेकिन बिल्डर दो साल की राहत की मांग कर रहे थे।

अब प्राधिकरण ने 14 अगस्त 2013 से 19 अगस्त 2015 तक की अवधि को जीरो पीरियड के रूप में मान्यता दी है। इसके तहत जिन बिल्डरों ने कुल बकाया का 25 प्रतिशत जमा किया है, उन्हें छूट दी गई है।

इन 13 बिल्डरों को मिला जीरो पीरियड का वास्तविक लाभ:

बिल्डर का नामकुल बकाया (₹ करोड़)छूट (₹ करोड़)अब जमा करनी होगी राशि (₹ करोड़)
डिवाइन बिल्डर14.1610.223.94
नेक्सजेन इंफ्रा कोन34.4421.9312.51
प्रतीक बिल्ड टेक इंडिया48.2222.5425.68
प्रतीक इंफ्रा प्रोजेक्ट52.6619.1333.53
एम्स प्रमोटर्स53.4214.6538.76
एम्स आरजी एंजल प्रमोटर्स3.943.940 (बकाया शून्य)
स्काईटेक कंस्ट्रक्शन22.3410.2812.05
एचआर ओरेकल डेवलपर्स0.510.510 (बकाया शून्य)
जेएम हाउसिंग (प्रोजेक्ट-1)13.755.148.60
जेएम हाउसिंग (प्रोजेक्ट-2)26.8712.0114.86
एसडीएस इंफ्राटेक74.4825.3049.17
एटीएस टाउनशिप45.1635.569.60

प्रगति की स्थिति: अब तक 2726 रजिस्ट्री

  • कुल 57 बिल्डर परियोजनाएं ऐसी हैं जिन पर अमिताभ कांत की सिफारिशें लागू हैं।
  • इनमें से 27 बिल्डरों ने 25% बकाया (लगभग ₹502 करोड़) जमा कर दिया है।
  • 14 अन्य बिल्डरों ने आंशिक रूप से ₹31.91 करोड़ जमा किए हैं।
  • कुल मिलाकर प्राधिकरण को अब तक ₹533.91 करोड़ की वसूली हो चुकी है।
  • 2726 खरीदारों की संपत्ति रजिस्ट्री पूरी हो चुकी है, और यदि सभी 25% बकाया जमा कर देते हैं, तो 3621 रजिस्ट्री पूरी हो सकती हैं।

NCLT में शामिल बिल्डर और आम्रपाली, यूनिटेक को नहीं मिला लाभ

इस राहत योजना से वे बिल्डर परियोजनाएं बाहर रखी गई हैं जो NCLT (राष्ट्रीय कंपनी विधि न्यायाधिकरण) में लंबित हैं, साथ ही आम्रपाली और यूनिटेक ग्रुप की परियोजनाएं भी इस दायरे से बाहर हैं।

 

इन टॉपिक्स पर और पढ़ें:
Hindi News से जुड़े अन्य अपडेट लगातार हासिल करने के लिए हमें गूगल न्यूज़, फेसबुक, यूट्यूब और ट्विटर पर फॉलो करे...