सरकार भले ही प्रदेश भर में सड़कें बनवाकर आवागमन को सुगम बनाने का दावा कर रही हो, लेकिन ज़मीनी हकीकत इससे बिल्कुल अलग नज़र आ रही है। बलिया जिले के मिड्ढा गांव से जनेश्वर पार्क की ओर जाने वाली एक सड़क महज़ दस दिनों में ही पूरी तरह से टूट गई। यह सड़क एक साधारण ट्रैक्टर-ट्रॉली के गुजरने से ही क्षतिग्रस्त हो गई, जिससे सड़क निर्माण की गुणवत्ता पर गंभीर सवाल खड़े हो गए हैं।
भाजपा बलिया के जिला उपाध्यक्ष सुरेंद्र सिंह खुद मौके पर पहुंचे और सड़क की हालत को कैमरे के सामने उजागर किया। उन्होंने सड़क की परतों को हाथों से उखाड़कर यह दिखाया कि सड़क के नीचे सिर्फ धूल है और उस पर Asphalt (पिच) की परत चढ़ा दी गई है। उन्होंने कहा कि यह सड़क लगभग छह दिन पहले बनाई गई थी और अब जगह-जगह से टूट चुकी है। सड़क की निचली सतह में गिट्टी का नामोनिशान नहीं है, जिससे साफ जाहिर होता है कि निर्माण के दौरान भारी लापरवाही बरती गई।
स्थानीय ग्रामीणों ने भी सड़क की हालत पर चिंता जताई है। युवाओं ने बताया कि सड़क इतनी कमजोर है कि वे ट्रैक्टर तक रोकते हैं ताकि और अधिक नुकसान न हो। लाखों रुपये खर्च कर बनाई गई यह सड़क दिन में भी वीरान पड़ी रहती है क्योंकि लोग डरते हैं कि गाड़ी चलाने से सड़क और खराब हो जाएगी।
बीजेपी नेता सुरेंद्र सिंह ने निर्माण कार्य में लिप्त अधिकारियों जैसे जेई (Junior Engineer), एई (Assistant Engineer) और एक्सईएन (Executive Engineer) पर भ्रष्टाचार का गंभीर आरोप लगाया। उन्होंने कहा कि ठेकेदार कमीशन देकर काम हासिल करते हैं और निर्माण में जमकर लूट मचाई जा रही है। उन्होंने मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ से इस प्रकरण की जांच कर दोषियों पर सख्त कार्रवाई की मांग की है।