Home उत्तर प्रदेश भ्रष्टाचार के आरोपों में लिप्त 50 साल से अधिक आयु वाले पुलिस कर्मियों को हटाया जाएगा

भ्रष्टाचार के आरोपों में लिप्त 50 साल से अधिक आयु वाले पुलिस कर्मियों को हटाया जाएगा

0 second read
Comments Off on भ्रष्टाचार के आरोपों में लिप्त 50 साल से अधिक आयु वाले पुलिस कर्मियों को हटाया जाएगा
0
36

कानपुर: यूपी के कानपुर में पुलिस विभाग में काम न करने वाले, भ्रष्टाचार के आरोपों में लिप्त 50 साल से अधिक आयु वाले कर्मियों को हटाया जाएगा। इनकी सूची तैयार कर स्क्रीनिंग कमेटी के सामने रखी जाएगी।

डीआईजी डॉ. प्रीतिन्दर सिंह ने बताया कि यह हर साल की प्रक्रिया है। इसमें 31 मार्च 2020 को जो पुलिसकर्मी 50 साल या उससे ज्यादा की आयु पार कर चुके हैं, उनकी सूची तैयार होती है। इसमें यह देखा जाता है कि किस पुलिसकर्मी के ऊपर भ्रष्टाचार के आरोप हैं। कौन पुलिस कर्मी हैं, जो पूरी नौकरी में आधे से ज्यादा समय ड्यूटी पर नहीं आए। इनको स्क्रीनिंग कमेटी छांटेगी। फिर ऐसे पुलिसकर्मियों को रिटायर कर दिया जाएगा।

बिहार में भी थी ऐसी तैयारी : 

बिहार में भी कुछ दिनों पहले 50 साल से अधिक उम्र वाले पुलिसकर्मियों की छंटनी की बातें सामने आई थी। दरअसल, बिहार पुलिस की तरफ से 25 अगस्त को जारी हुए एक पत्र में 50 साल से अधिक उम्र वाले पुलिसकर्मियों की हर महीने कार्य दक्षता की समीक्षा करने की बात कही गई थी। पत्र के मुताबिक, एक समिति का गठन किया गया जो प्रत्येक महीने की 9 तारीख को 50 साल से अधिक उम्र वाले पुलिसकर्मियों की समीक्षा करेगी।

पुलिसकर्मियों के कामकाज की समीक्षा मुख्यालय स्तर पर की जाएगी। अगर वो अपने काम में दक्ष नहीं पाए गए तो उनको जबरन रिटार्यड कर दिया जाएगा। पत्र में सभी जिलों के एसपी और रेल एसपी को निर्देश दिया गया था कि ऐसे पुलिसकर्मियों की सूची भेजें जो अपने काम में दक्ष नहीं है। सभी जिलों से मिले रिपोर्ट के आधार पर ही समीक्षा होगी।

विभाग के इस फैसले पर बिहार पुलिस एसोसिएशन ने नाराजगी जताई थी। एसोसिएशन के अध्यक्ष मृत्युंजय कुमार सिंह ने इसे तानाशाही फैसला करार देते हुए कहा था कि पुलिस विभाग में सरकार के आदेश के तहत पत्र निर्गत कर 50 वर्ष से अधिक उम्र के अनुभवी पुलिसकर्मियों को अयोग्य घोषित करके सेवा से हटाने की साजिश चल रही है।

मृत्युंजय कुमार सिंह ने कहा कि इस तरह के आदेश से किसी भी वरीय के अधीन कार्य कर रहे कर्मी का आर्थिक और मानसिक शोषण होगा और यह बिल्कुल स्वीकार्य नहीं है। उन्होंने कहा कि काफी लंबी अवधि तक अपनी सेवा का योग्यता, कर्मठता, अनुभव से कुशलता पूर्वक निर्वहन के बाद पदोन्नति का अवसर इस उम्र में मिलता है। सरकार के इस फैसले से विभाग में डर का माहौल बनेगा।

 

Load More By upkibaat
Load More In उत्तर प्रदेश
Comments are closed.

Check Also

पुलिस ने की ताबड़तोड़ छापेमारी, मौके पर प्रत्याशी के भतीजे को किया गिरफ्तार, 2 पेटी शराब की बरामद

बदायूं से  रिंकू शर्मा की रिपोर्ट त्रिस्तरीय पंचायत चुनाव को लेकर थाना पुलिस अभियान चलाकर …